
जनघोष-ब्यूरो
हरिद्वार: मूसलाधार बारिश से पूरी पंचपुरी में बाढ़ जैसे हालात बन गए। निकासी न होने के चलते शहर में हर तरफ जलभराव हो देखने को मिला।
कई कई फिट पानी शहरवासियों के घर में भर गया। नगर निगम से लेकर जिला प्रशासन के अफसर अपने अपने घर से नहीं निकले।
जल भराव से भारी नुकसान आमजन से लेकर व्यापारी वर्ग को हुआ है। गुरुवार शाम तेज बरसात ने नगर निगम की पोल खोलकर रख दी थी।
पूरे शहर में हर जगह पानी ही पानी भर गया था। यातायात व्यवस्था भी लड़खड़ा गई थी। कुछ देर के लिए बरसात रुकी थी, जिसके बाद हालात सामान्य हुए थे।
पर, देर रात शुरू हुई बरसात ने पूरे शहर में कहर बरपाया। पूरा शहर जागता रहा लेकिन जिम्मेदार अफसर सोते रहे। कोई भी सड़क पर दिखाई नहीं दिया।
चंद्राचार्य चौक, भगत सिंह चौक, ज्वालापुर अंडर पास, लातों वाली, कृष्णानगर, ज्वालापुर मुख्य बाजार, उतरी हरिद्वार से लेकर हर जगह भारी जलभराव हुआ।

व्यापारी वर्ग का भी बेहद भारी नुकसान हुआ है। देर रात से ही व्यापारी अपनी दुकानों के आसपास डटना शुरू हो गए थे। जैसे तैसे पानी को दुकान के अंदर घुसने से रोकने में जुटे रहे थे।

ऐसे ही रिहायशी इलाकों में भी आम पब्लिक ने रतजगा कर खुद को सुरक्षित किया लेकिन पानी फिर भी उनके घरों में कई कई फुट तक घुस आया।

आम पब्लिक का भी बेहद नुकसान भारी बरसात से हुआ है। हैरानी की बात यह है की बरसात को लेकर नगर निगम के अफसर बिल्कुल गंभीर नहीं है,

जल भराव से निजात दिलाने में निकासी पर बिल्कुल भी फोकस नहीं है। ऐसे में आम पब्लिक को उसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है।

बताया जा रहा है कि इस दफा नाले भी सही ढंग से साफ नहीं हुए हैं, जिसका नतीजा शहर में हुए भारी जल भराव के तौर पर सामने है।
