
जनघोष-ब्यूरो
हरिद्वार: कनखल क्षेत्र की एक युवती ने पति और ससुरालियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए विवाह शून्य घोषित करने की अर्जी फैमिली कोर्ट में दाखिल की है। आरोप है कि पीलीभीत के युवक की मानसिक बीमारी और शारीरिक अक्षमता की सच्चाई छिपाकर परिजनों ने शादी कराई।

पीड़िता का कहना है कि विवाह के पहले दिन से ही पति ने शारीरिक संबंध बनाने से इनकार कर दिया और कबूल किया कि वह इसमें सक्षम नहीं है। यहां तक कि उसने यह भी कहा कि यदि पत्नी चाहे तो किसी अन्य पुरुष से संबंध बना सकती है। जब युवती ने यह बात सास को बताई तो उसे चुप करा दिया गया। बाद में चिकित्सक से पता चला कि युवक का इलाज लंबे समय से चल रहा है।

वाद में यह भी कहा गया है कि युवक का असामान्य व्यवहार लगातार परेशान करता रहा। कभी वह पत्नी पर चरित्रहीन होने का आरोप लगाता, तो कभी मोबाइल पर अजीबोगरीब संदेश लिखकर स्टेटस डाल देता। इससे युवती को न केवल मानसिक कष्ट झेलना पड़ा बल्कि उसका काम भी प्रभावित हुआ और नौकरी चली गई।

पीड़िता ने अदालत से विवाह शून्य घोषित करने और मुकदमे का खर्च दिलाने की मांग की है। कोर्ट ने वाद दर्ज कर विपक्षियों को नोटिस जारी किया है और अगली सुनवाई की तारीख तय कर दी है।
